News Desk Supaul:
जिले के राघोपुर प्रखंड अंतर्गत सिमराही बाजार में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं, चोरी, नशाखोरी और गंभीर यातायात अव्यवस्था को लेकर बुधवार को सिमराही के एक निजी होटल में स्थानीय व्यापारियों एवं प्रशासन के बीच समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता व्यापार संघ के अध्यक्ष ललित जयसवाल ने की। बैठक में वीरपुर डीएसपी सुरेंद्र कुमार, राघोपुर थानाध्यक्ष अमित कुमार राय, पूर्व ब्रिगेडियर प्रणव जायसवाल सहित बड़ी संख्या में व्यापारी और स्थानीय गणमान्य लोग मौजूद रहे।
बैठक के दौरान व्यापारियों ने खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर की। उनका कहना था कि सिमराही बाजार में चोरी, नशे का कारोबार और असामाजिक गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन प्रशासन इन पर प्रभावी नियंत्रण नहीं कर पा रहा है। व्यापारियों ने आरोप लगाया कि समस्याओं का स्थायी समाधान निकालने के बजाय प्रशासन बार-बार बुलडोजर की कार्रवाई कर अपनी कमजोरियों को छिपाने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने स्पष्ट मांग की कि सिमराही के 18 रैयतों को पहले उचित मुआवजा दिया जाए, उसके बाद ही अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए।

नगर पंचायत सिमराही क्षेत्र में फैल रहे नशे के कारोबार को लेकर व्यापारियों ने गहरी चिंता जताई और कहा कि नशे की वजह से युवाओं का भविष्य बर्बाद हो रहा है। चोरी की घटनाओं को लेकर भी आक्रोश देखने को मिला। व्यापारियों का कहना था कि कई मामलों में सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध होने के बावजूद पुलिस चोरों को पकड़ने में विफल रहती है, जिससे अपराधियों के हौसले बुलंद हैं।
यातायात व्यवस्था को लेकर भी बैठक में गंभीर सवाल उठे। व्यापारियों ने बताया कि एनएच-106 पर नो एंट्री लागू होने के बावजूद अवैध रूप से भारी वाहनों का बाजार में प्रवेश कराया जा रहा है। आरोप लगाया गया कि कथित रूप से रुपये लेकर वाहनों को अंदर आने दिया जाता है। इसके अलावा नाबालिग बच्चों द्वारा ई-रिक्शा चलाने, स्टंट करने और बाजार में अव्यवस्था फैलाने पर भी लोगों ने नाराजगी जाहिर की। जाम की समस्या, बस स्टैंड और टेंपो स्टैंड की कमी को भी प्रमुख मुद्दे के रूप में उठाया गया।
व्यापारियों की समस्याएं सुनते हुए डीएसपी सुरेंद्र कुमार ने भरोसा दिलाया कि नशे के कारोबार में लिप्त लोगों की सूची तैयार कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने किरायेदारों के सत्यापन पर जोर देते हुए कहा कि बिना पुलिस जांच के बाहरी लोगों को किराए पर न रखें। फेरीवालों की गतिविधियों पर भी नजर रखने की अपील की गई।
डीएसपी ने बताया कि बाजार क्षेत्र में रात के समय चार मोटरसाइकिल गश्ती दल सक्रिय हैं और जल्द ही साइकिल गश्ती दल शुरू करने का प्रयास किया जा रहा है। नो एंट्री को और सख्ती से लागू किया जाएगा। यदि किसी पुलिसकर्मी द्वारा अवैध रूप से वाहन प्रवेश कराने की शिकायत मिलती है तो जांच कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने की स्थिति में उनके अभिभावकों के खिलाफ भी कार्रवाई की बात कही गई। उन्होंने व्यापारियों से आईपी एड्रेस युक्त सीसीटीवी कैमरे लगाने की अपील की, ताकि अपराध से जुड़े ठोस साक्ष्य मिल सकें।
पूर्व ब्रिगेडियर प्रणव जायसवाल ने सुझाव दिया कि शहर से बाहर बस स्टैंड बनाया जाए, जिससे बाजार क्षेत्र में जाम की समस्या से निजात मिल सके। उन्होंने चौराहों पर बसों के रुकने पर रोक लगाने, ट्रैफिक पुलिस को वॉकी-टॉकी उपलब्ध कराने और ट्रैफिक लाइट लगाने का भी सुझाव दिया। प्रो. बैद्यनाथ भगत ने कहा कि ठंड के मौसम में अपराध बढ़ने की आशंका रहती है, इसलिए प्रशासन को पहले से ठोस कदम उठाने चाहिए। बाहर से आने वाले लोगों और फेरीवालों की सघन जांच की भी मांग की गई।
बैठक में महेंद्र गुप्ता, बिंदा प्रसाद गुप्ता, दिलीप पूर्वे, उमेश गुप्ता, मंजीत स्वर्णकार, विनय भगत, गोपाल चांद, मुन्ना चौधरी, रंजीत स्वर्णकार, रामचंद्र चौधरी, बालमुकुंद चौधरी, सचिन पंसारी, चंदू दास, प्रमोद साह, अभिनंदन दास, रिंकू भगत, अकरम राजा, विजय मंडल, रामचंद्र भगत, रितेश मिश्र, पंकज नारायण, राजा राम सिंह, राधेश्याम भगत, जीतू सोनी, अमित भगत, अविनाश चौधरी, अशर्फी स्वर्णकार, कुंदन जायसवाल, अमित दास, विक्की भगत, सानू चौधरी, गौतम चौधरी, जयशंकर चौधरी सहित बड़ी संख्या में व्यापारी व स्थानीय लोग मौजूद थे।







