सुपौल: श्रद्धा और उल्लास के साथ सरस्वती पूजनोत्सव का समापन, प्रतिमा विसर्जन में उमड़ा जनसैलाब

Report: A.K Chaudhary

जिले के राघोपुर प्रखंड में सरस्वती पूजनोत्सव का समापन शनिवार को प्रतिमा विसर्जन के साथ हर्षोल्लास और श्रद्धा के माहौल में संपन्न हुआ।

इस अवसर पर शिक्षण संस्थानों, घरों एवं विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर स्थापित माता सरस्वती की प्रतिमाओं के साथ भव्य शोभायात्राएं निकाली गईं।

श्रद्धालु माता सरस्वती के जयकारे लगाते हुए रंग-गुलाल में सराबोर नजर आए। छात्र-छात्राओं और युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला, जिन्होंने पूरे श्रद्धाभाव के साथ मां शारदे को विदाई दी।

राघोपुर प्रखंड के सिमराही, गणपतगंज, राघोपुर, करजाईन सहित अन्य इलाकों में शनिवार की सुबह से ही प्रतिमा विसर्जन की प्रक्रिया शुरू हो गई थी। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, वैसे-वैसे श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती चली गई।

जगह-जगह से निकलने वाली शोभायात्राओं में शामिल लोग भक्ति संगीत की धुन पर झूमते हुए माता सरस्वती की प्रतिमा लेकर तालाबों, नहरों एवं जलाशयों की ओर बढ़ते रहे।

शोभायात्रा के दौरान महिलाओं और युवतियों ने मंगलगीत गाकर मां सरस्वती को भावभीनी विदाई दी। वहीं, युवाओं और बच्चों ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर सरस्वती पूजन की शुभकामनाएं दीं। चारों ओर “मां शारदे की जय” और “विद्या की देवी सरस्वती माता की जय” के गगनभेदी जयघोष से पूरा इलाका भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा।

प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालु मां सरस्वती से विद्या, ज्ञान, सुख-समृद्धि और उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए भावुक नजर आए। कई स्थानों पर देर शाम तक विसर्जन का सिलसिला चलता रहा, हालांकि, कुछ स्थानों पर प्रतिमा विसर्जन रविवार को किया जाएगा।

वहीं, प्रतिमा विसर्जन को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से निपटने के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।

राघोपुर थानाध्यक्ष अमित कुमार राय अपने दल-बल के साथ विभिन्न शोभायात्राओं एवं विसर्जन स्थलों की लगातार निगरानी करते दिखे।

प्रशासन की सतर्कता के कारण विसर्जन कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।

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