सुपौल: बिहार के राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री दिलीप जायसवाल का सिमराही में भाजपा कार्यकताओं ने किया भव्य स्वागत

न्यूज डेस्क सुपौल:

बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल का रविवार को सिमराही बाजार में पहली बार मंत्री और प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद जोरदार स्वागत किया गया। वह पूर्णिया से होते हुए सुपौल में एक पार्टी कार्यक्रम में भाग लेने जा रहे थे। इस दौरान पार्टी के जिला उपाध्यक्ष सचिन माधोगरिया और नगर अध्यक्ष उमेश गुप्ता के नेतृत्व में जिलाध्यक्ष नरेंद्र ऋषिदेव, पूर्व जिलाध्यक्ष रामकुमार रॉय, प्रदेश मंत्री सरोज झा, सतेंद्र भट्ट, महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष विनीता देवी, महामंत्री स्मृति कुमारी सहित कई अन्य कार्यकर्ता हाथों में झंडा-बैनर लेकर उनके स्वागत में खड़े थे। जैसे ही दिलीप जायसवाल सिमराही बाजार पहुंचे, कार्यकर्ताओं ने “जयघोष” शुरू कर दिया।

मिथिला की पारंपरिक रीति के अनुसार, उन्हें पाग, अंगवस्त्र, और फूलों की माला पहनाकर सम्मानित किया गया। इसके बाद वह सचिन माधोगरिया के आवासीय परिसर स्थित कार्यालय पहुंचे, जहां मखाना की माला पहनाकर उनका स्वागत किया गया।

अपने संबोधन में दिलीप जायसवाल ने कहा कि जब उन्होंने मंत्री पद संभाला, तभी यह निश्चय किया था कि वे पूरी ईमानदारी के साथ इस पद की गरिमा बनाए रखेंगे। उन्होंने अधिकारियों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जो अधिकारी घूस देकर पोस्टिंग लेता है, वह ईमानदार नहीं रह सकता, जिससे ऑफिसरशाही बढ़ती है। उन्होंने यह भी बताया कि जमीन सर्वेक्षण की अवधि तीन महीने बढ़ाई गई है, ताकि लोग आसानी से अपने दस्तावेज़ तैयार कर सकें।

उन्होंने कहा कि जिन लोगों के दस्तावेज़ तैयार नहीं हो पाए हैं, उनके लिए समय और बढ़ाया जा सकता है। जायसवाल ने यह भी स्पष्ट किया कि जिनका सर्वे नहीं हुआ है, उनके घर पर सरकारी अधिकारी भेजकर सर्वे कराया जाएगा। इसके अलावा, उन्होंने अंचल अधिकारियों (सीओ) के पेंडिंग कामों पर भी सख्ती से ध्यान देने की बात कही।

जायसवाल ने भ्रष्टाचार पर भी कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि अब तक 37 सीओ के खिलाफ कार्रवाई की गई है और चार कर्मचारियों को जेल भेजा जा चुका है।

इस दौरान उन्होंने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर तंज कसते हुए कहा कि तेजस्वी यादव और लालू यादव कभी विकास की बात नहीं करते। जब वह सरकार में थे, तब उन्हें स्मार्ट मीटर नहीं दिखते थे, लेकिन अब जनता को भ्रमित करने के लिए इस पर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने तेजस्वी को “बेशर्म” कहते हुए कहा कि सत्ता से हटने के बाद नेता जनता को सिर्फ अपने स्वार्थ के लिए याद करते हैं।

मौके पर चंदू दास, प्रशांत वर्मा, चिंटू पंसारी, संतोष भिंडवार, और नागेंद्र सिंह सहित दर्जनों लोग मौजूद थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *