सुपौल जिले के वीरपुर अनुमंडल क्षेत्र में संचालित निजी स्वास्थ्य संस्थानों, क्लीनिकों एवं नर्सिंग होम के सत्यापन को लेकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। अनुमंडल पदाधिकारी वीरपुर विनय कुमार ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी कर सभी निजी स्वास्थ्य संस्थानों का सिविल सर्जन, सुपौल के स्तर से निर्धारित समय-सीमा के भीतर सत्यापन सुनिश्चित कराने को कहा है।
एसडीओ द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि जिलाधिकारी, सुपौल की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में 15 सितंबर 2026 तक सभी निजी स्वास्थ्य संस्थान, क्लीनिक एवं नर्सिंग होम का सिविल सर्जन, सुपौल द्वारा सत्यापन किए जाने का निर्देश दिया गया है। इसको लेकर अनुमंडल पदाधिकारी ने नगर कार्यपालक पदाधिकारी, नगर पंचायत वीरपुर एवं सिमराही तथा अंचल अधिकारी राघोपुर एवं प्रतापगंज को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र में संचालित निजी स्वास्थ्य केंद्रों के संचालकों को सिविल सर्जन, सुपौल से अपने संस्थान का सत्यापन कराने के लिए निर्देशित करना सुनिश्चित करें।
पत्र में स्पष्ट किया गया है कि 15 सितंबर के बाद बिना सत्यापन के कोई निजी स्वास्थ्य संस्थान संचालित पाया जाता है तो उसके विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के इस निर्देश के बाद निजी स्वास्थ्य संस्थानों के संचालकों में हलचल बढ़ गई है।
इस संबंध में अनुमंडल पदाधिकारी विनय कुमार ने कहा कि क्षेत्र में संचालित सभी निजी स्वास्थ्य संस्थानों, क्लीनिकों एवं नर्सिंग होम का निर्धारित समय-सीमा के भीतर सत्यापन कराया जाना आवश्यक है। 15 सितंबर के बाद बिना सत्यापन के किसी संस्थान के संचालित पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।







