Report: A.K. Chaudhary
सुपौल जिले के गणपतगंज स्थित प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के तत्वावधान में आध्यात्मिक जागृति और सामाजिक समरसता को समर्पित स्नेह मिलन समारोह का आयोजन किया गया। अनिल भारती एवं स्वाति भारती के निवास परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में समाज के प्रबुद्ध व्यक्तित्वों, बुद्धिजीवियों और वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानित किया गया। समारोह में वक्ताओं ने आध्यात्मिक मूल्यों को अपनाकर समाज में सकारात्मक बदलाव लाने पर जोर दिया।

कार्यक्रम का उद्घाटन राजयोगिनी बबीता दीदी, स्थानीय सेवा केंद्र प्रभारी ब्रह्माकुमारी पूजा बहन, ब्रह्माकुमारी बीना बहन तथा समाज के अन्य गणमान्य लोगों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। समारोह का मुख्य विषय ‘आध्यात्मिक जागृति द्वारा विश्व नव निर्माण’ रहा।

कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्रह्माकुमारी सिमराही-राघोपुर क्षेत्र की प्रभारी राजयोगिनी बबीता दीदी ने की। वरिष्ठ व्यवसायी राजकुमार अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। वहीं, समाजसेवी केदार माधोगंरिया, ओम प्रकाश भगत और तेज नारायण जायसवाल विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।
अपने संबोधन में राजयोगिनी बबीता दीदी ने कहा कि विश्व में स्थायी शांति और सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए सबसे पहले व्यक्ति को अपने विचारों और व्यवहार में बदलाव लाना होगा। आध्यात्मिक जागृति मनुष्य को आत्मिक शांति प्रदान करने के साथ-साथ प्रेम, करुणा, सद्भाव और नैतिक मूल्यों को जीवन में अपनाने की प्रेरणा देती है। जब व्यक्ति श्रेष्ठ विचारों और संस्कारों को अपने जीवन का हिस्सा बनाता है, तो उसका प्रभाव परिवार से लेकर पूरे समाज तक दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक ज्ञान और राजयोग के नियमित अभ्यास से मनुष्य अपने विचारों को सकारात्मक बना सकता है। इससे आपसी मतभेद कम करने, सामाजिक एकता मजबूत करने और शांतिपूर्ण विश्व के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ने में मदद मिलती है।

समारोह के दौरान समाज के वरिष्ठ नागरिकों एवं प्रबुद्ध व्यक्तित्वों के योगदान को सराहा गया। उपस्थित लोगों ने ब्रह्माकुमारी संस्थान की आध्यात्मिक और सामाजिक गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में आपसी सहयोग, सम्मान और भाईचारे की भावना को मजबूत करते हैं।
कार्यक्रम में ब्रह्माकुमारी पूजा बहन, ब्रह्माकुमारी बीना बहन, ब्रह्माकुमार हरि भाई और रामफल भाई सहित संस्थान से जुड़े कई सदस्यों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। समारोह का संचालन ब्रह्माकुमार किशोर भाई ने किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में बुद्धिजीवी, व्यवसायी, सामाजिक कार्यकर्ता, वरिष्ठ नागरिक, महिलाएं, युवा और बच्चे उपस्थित रहे।







