News Desk Patna:
नीट पेपर लीक मामले, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में शनिवार को छात्र संगठन आइसा (AISA) और राष्ट्रीय युवा आंदोलन के समर्थकों ने पटना में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान राजधानी के कई इलाकों में तनावपूर्ण स्थिति बन गई। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई, जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। इस दौरान कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया। तेज प्रताप यादव भी प्रदर्शनकारियों के समर्थन में पहुंचे, जिन्हें बाद में पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
प्रदर्शन की शुरुआत रामगुलाम चौक के पास हुई, जहां कुछ प्रदर्शनकारी मोबाइल टावर पर चढ़ गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। इसी दौरान तेज प्रताप यादव मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों के साथ तिरंगा लहराकर उनका समर्थन किया। बाद में पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया।

हिरासत में लिए जाने के बाद तेज प्रताप यादव ने कहा कि वे छात्रों और युवाओं के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों के अधिकारों की लड़ाई में वे हर कीमत पर साथ रहेंगे और जरूरत पड़ी तो उनके लिए मर-मिटने को भी तैयार हैं।
इस बीच भारी पुलिस बंदोबस्त और बैरिकेडिंग के बावजूद प्रदर्शनकारी डाकबंगला चौराहा तक पहुंच गए। वहां उन्होंने उग्र प्रदर्शन किया। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया, लेकिन कथित तौर पर कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की और पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। मौके पर बड़ी-बड़ी ईंटें फेंकी गईं, जिससे अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
स्थिति नियंत्रण से बाहर होती देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर प्रदर्शनकारियों को खदेड़ दिया। पूरे घटनाक्रम के दौरान कई वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद रहे और हालात पर नजर बनाए रखी।
पटना के एसएसपी कार्तिकेय के. शर्मा हेलमेट पहनकर स्वयं सड़क पर उतरे और पुलिस बल का नेतृत्व किया। उन्होंने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया और बैरिकेडिंग तोड़ने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि कई लोगों को हिरासत में लिया गया है तथा कानून व्यवस्था बिगाड़ने और उपद्रव करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संभावित विरोध प्रदर्शन और बिहार बंद को देखते हुए पूरे राज्य में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। राज्यभर में करीब 70 हजार सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। स्थानीय पुलिस के अलावा सीआरपीएफ (CRPF) और सीआईएसएफ (CISF) के जवानों को भी संवेदनशील इलाकों में लगाया गया है।
प्रशासन ने एहतियात के तौर पर कई जिलों के स्कूल भी बंद कर दिए हैं। पटना के अलावा जहानाबाद, मुजफ्फरपुर, बेगूसराय सहित करीब 10 जिलों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं और किसी भी तरह की हिंसा या उपद्रव को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।







