सुपौल: आंगनबाड़ी केंद्र पर 3 साल के बच्चे की मौत, कुत्ते से डराने के आरोप से मचा हड़कंप, डीपीओ ने घटनास्थल पर पहुंचकर शुरू की जांच

Report: A.K. Chaudhary

सुपौल जिले के सरायगढ़-भपटियाही प्रखंड की छिठही पंचायत के सिमरी वार्ड नंबर-2 स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-106 पर बुधवार को तीन वर्षीय बच्चे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया, जबकि बच्चे की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही बच्चे की मौत के वास्तविक कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा।

मृतक बच्चे की पहचान सिमरी वार्ड नंबर-2 निवासी रूपेश कुमार शर्मा के तीन वर्षीय पुत्र रियांश कुमार के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, मामले को लेकर आंगनबाड़ी केंद्र की व्यवस्था और बच्चे की मौत की परिस्थितियों पर भी सवाल उठ रहे हैं।

मां ने कुत्ते से डराने का लगाया आरोप

मृतक रियांश की मां गौरी देवी ने बताया कि बुधवार सुबह वह अपने बच्चे को आंगनबाड़ी केंद्र पर छोड़कर घर वापस आई थीं। कुछ देर बाद उन्हें सूचना मिली कि केंद्र पर बच्चे की तबीयत अचानक बिगड़ गई है। सूचना मिलने के बाद परिजन आनन-फानन में आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचे। वहां रियांश अचेत अवस्था में पड़ा मिला। इसके बाद परिजन और स्थानीय लोगों की मदद से बच्चे को राघोपुर रेफरल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

गौरी देवी ने आरोप लगाया कि आंगनबाड़ी केंद्र परिसर में विदेशी नस्ल का एक खतरनाक कुत्ता बांधकर रखा जाता है। उनका आरोप है कि केंद्र पर रोने वाले बच्चों को डराने के लिए कई बार कुत्ते के पास ले जाया जाता था। मां का दावा है कि बुधवार को भी रियांश को कुत्ते से डराया गया, जिसके बाद उसकी तबीयत बिगड़ी और उसकी मौत हो गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।

सेविका ने बताया- रो रहे बच्चे को दी गई थी मूंगफली

वहीं, आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका मुन्नी कुमारी ने बच्चे की मां के आरोपों से अलग घटना का दूसरा पक्ष बताया। सेविका के अनुसार, बुधवार को रियांश की मां उसे आंगनबाड़ी केंद्र पर छोड़कर गई थीं। मां के जाने के बाद बच्चा लगातार रो रहा था। बच्चे को शांत कराने के लिए उसे मूंगफली दी गई। कुछ देर बाद बच्चा अचानक बेहोश होकर गिर पड़ा। सेविका ने बताया कि बच्चे की हालत बिगड़ने की जानकारी तत्काल उसके परिजनों को दी गई। इसके बाद परिजन बच्चे को अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

कुत्ते को लेकर सेविका ने कहा कि केंद्र के पास कुत्ता रहता है, लेकिन बच्चों के आंगनबाड़ी केंद्र पर आने के समय उसे दूसरी जगह हटा दिया जाता है। सेविका ने बच्चे को कुत्ते से डराने के आरोप से इनकार किया है।

डीपीओ ने घटनास्थल पर पहुंचकर की जांच

घटना की जानकारी मिलने के बाद बुधवार शाम सुपौल की डीपीओ आईसीडीएस अंजू कुमारी आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-106 पहुंचीं और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने स्थानीय लोगों और संबंधित लोगों से घटना की जानकारी ली। डीपीओ ने कहा कि मामले में सामने आ रहे सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

डीपीओ अंजू कुमारी के अनुसार, रियांश को उसकी मां बुधवार सुबह आंगनबाड़ी केंद्र लेकर आई थीं। मां के वहां से जाने के बाद बच्चा रोने लगा। सेविका उसे संभालते हुए उसकी मां के पास ले जाने की कोशिश कर रही थी, इसी दौरान उसकी तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद स्थानीय लोगों और परिजनों की मदद से बच्चे को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया।

कुत्ते की मौजूदगी की भी हो रही जांच

डीपीओ ने बताया कि घटना के संबंध में कुत्ते का भी जिक्र सामने आया है, लेकिन आंगनबाड़ी केंद्र के पास कुत्ते की मौजूदगी की फिलहाल पुष्टि नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि मामले के हर पहलू की जांच की जा रही है। बच्चे की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसमें किसी प्रकार की लापरवाही हुई या नहीं और लगाए जा रहे आरोपों में कितनी सच्चाई है, इन सभी बिंदुओं को जांच के दायरे में रखा गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच के दौरान यदि किसी व्यक्ति की लापरवाही या दोष सामने आता है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के कारण का चलेगा पता

घटना के बाद पुलिस ने बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल बच्चे की मौत के कारणों को लेकर अलग-अलग बातें सामने आ रही हैं। एक ओर परिजन कुत्ते से डराए जाने के बाद बच्चे की तबीयत बिगड़ने का आरोप लगा रहे हैं, वहीं आंगनबाड़ी सेविका ने बच्चे के लगातार रोने और मूंगफली खाने के बाद अचानक बेहोश होने की बात कही है। ऐसे में पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्ष महत्वपूर्ण होंगे। प्रशासन ने भी मामले में सभी पहलुओं की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]